मॉनिटरिंग और इवैल्यूएशन
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क्या डेटा हमें सही तस्वीर दिखा रहा है?
मानवीय समझ के बजाय डेटा-विज्ञान को प्राथमिकता देने में कौन से जोखिम शामिल हैं? -
एक समावेशी स्कूल कैसा होना चाहिए?
विकलांगता से प्रभावित बच्चों के लिए अलग-थलग समाधान की नहीं, बल्कि मौजूदा व्यवस्था में सुधार की जरूरत है ताकि समावेशन संभव हो सके। -
सभी राज्यों में काम करने वाले शिक्षक प्रशिक्षण कार्यक्रम कैसे बनाएं?
सरकारी व्यवस्थाओं के साथ काम करने वाली गैर-लाभकारी संस्थाओं के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रमों के मानकीकरण और संदर्भीकरण के बीच संतुलन बनाना, हमेशा एक बड़ा सवाल बना रहता है। -
क्या सरकारी योजनाओं की परीक्षण-प्रक्रिया पर दोबारा विचार की ज़रूरत है?
भारत में पायलट प्रोजेक्ट के ज़रिए सरकारी योजनाओं के कार्यान्वयन प्रक्रिया की व्यवहारिकता का आकलन किया जाता रहा है। यहाँ पीएम कुसुम योजना पर किसानों द्वारा मिलने वाली संभावित प्रतिक्रियाओं का पता लगाने के लिए एक एबीएम अभ्यास का आयोजन किया गया है। -
जिनके लिए शोध किए जा रहे हैं, उन्हें शोध में कैसे शामिल किया जाए?
जिन लोगों के साथ शोध किया जाता है उन्हें आमतौर पर डेटा के स्रोत के रूप में देखा जाता है, न कि उपयोगकर्ता के रूप में। -
समाजसेवी संस्थाएं सायकोमेट्रिक टूल का प्रभावी उपयोग कैसे कर सकती हैं
संस्थाएं प्रभाव को मापने और समस्याओं की पहचान करने के लिए साइकोमेट्रिक साधनों का उपयोग करती हैं। यहां इन टूल्स के उपयोग के समय होने वाली पांच ग़लतियों से बचने के उपाय बताए गए हैं जिन्हें अपनाकर परिणाम को अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है। -
क्या शिक्षा से जुड़े डेटा केवल नीति निर्माताओं के ही काम आते हैं?
शिक्षा के क्षेत्र में बच्चे के सीखने से जुड़े आंकड़े नीति-निर्माताओं के लिए तो उपयोगी होते हैं पर शिक्षकों के लिये नहीं, क्यों? -
हर एक सर्वे से बाधाओं को तोड़ना
कर्नाटक में काम करने वाली एक एन्यूमरेटर (गणनाकार) के जीवन का एक दिन जो कामकाजी महिला होने की चुनौतियों और डाटा संग्रह में अच्छे संचार के महत्व के बारे में बताती हैं। -
रिमोट डाटा कलेक्शन के लिए फ़ोन सर्वेक्षण: कैसे सही परिणाम पाएँ
आपके फ़ोन सर्वेक्षण की कुशलता और प्रभावशीलता को सुनिश्चित करने के लिए छह उपाय।