पर्यावरण
-
यह बजट पर्यावरण के लिहाज से कितना अनुकूल है?
बजट में पर्यावरण को लेकर तो काफी बातें की गई हैं लेकिन देखने वाली बात यह रहगी कि इन्हें वास्तव में किस तरह से अमल में लाया जायेगा। -
-
कैसे जलवायु परिवर्तन ने ईंट भट्ठा मज़दूरों को कर्ज़ में डुबो दिया है?
ईंट का कारोबार मौसम पर निर्भर है लेकिन ग्लोबल वॉर्मिंग और जलवायु परिवर्तन के कारण बढ़ रही चरम मौसमी घटनाएं इस उद्योग को प्रभावित कर रही हैं। -
फोटो निबंध: कैसे औद्योगीकरण ने एन्नोर को तबाही की तरफ़ धकेल दिया है
कभी उपजाऊ आर्द्रभूमि रहा एन्नोर अब भीषण पर्यावरण संकट का सामना कर रहा है जिसने लोगों के स्वास्थ्य और आजीविका को बुरी तरह प्रभावित किया है। -
-
-
क्या केवल प्रमाण पत्र देकर जंगलों को बचाया जा सकता है?
भारत में वन एवं लकड़ी प्रमाणपत्र योजना बहुत ही महंगी है और इससे वनोपज का उचित उत्पादन या बेहतर वन प्रबंधन भी सुनिश्चित नहीं होता है। -
-
-
घुमंतू जनजातियां शौचालय जैसी बुनियादी सुविधाओं से भी वंचित क्यों हैं?
सामाजिक कल्याण योजनाएं बनाते हुए अक्सर खानाबदोश और अधिसूचित जनजातियों के लिए सार्वजनिक सुविधाओं का ध्यान नहीं रखा जाता है जिसे बदले जाने की ज़रूरत है। -
भारत में हीट एक्शन प्लान कितने प्रभावी हैं?
जलवायु परिवर्तन से हीटवेव में हो रही बढ़ोत्तरी के लिए ज़रूरी है कि सरकार राष्ट्रीय स्तर की नीतियों में इससे निपटने के उपाय शामिल करे ताकि अर्थव्यवस्था और जनजीवन दोनों पर इससे पड़ने वाले असर को कम किया जा सके। -
देश में प्राकृतिक संसाधनों के वास्तविक हक़दार कौन लोग हैं?
प्राकृतिक संसाधनों के खनन को लेकर वर्तमान रवैया, उस इलाक़े के लोगों पर अतिरिक्त बोझ डालता है और साथ ही भावी पीढ़ियों को उनके हिस्से से वंचित करता है।