क्या ‘एक देश एक चुनाव’ सचमुच अनेक समस्याओं का हल बन सकता है?
हिंदी पॉडकास्ट पुलियाबाज़ी में सुनें कि सरकार जिस ‘एक देश एक चुनाव’ नीति को लेकर इतनी गंभीरता दिखा रही है, उसका आम चुनावों और लोकतंत्र पर कैसा असर देखने को मिल सकता है।
16 अप्रैल 2024 को प्रकाशित
बीते मार्च में केंद्र सरकार द्वारा बिठाई गयी उच्च स्तरीय समिति ने भारत में समकालिक चुनाव पर अपनी रिपोर्ट पेश की है। इससे पता चलता है कि सरकार ‘एक देश एक चुनाव’ को लेकर काफ़ी संजीदा है। समिति ने रिपोर्ट में इसी से जुड़े कुछ सुझाव दिए हैं, वे क्या हैं? क्या इनसे आम चुनाव से जुड़ी समस्याएं सुलझेंगी या और उलझेंगी?
यह पॉडकास्ट मूलरूप से पुलियाबाज़ी.इन पर प्रकाशित हुआ था जिसे आप यहां सुन सकते हैं।
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अधिक जानें
- समकालिक चुनाव पर सरकार की रिपोर्ट देखें।
- जानिए युवाओं को संवैधानिक मूल्यों से कैसे जोड़ा जा सकता है?
लेखक के बारे में
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पुलियाबाज़ी राजनीति, सार्वजनिक नीति, तकनीक, दर्शन और लगभग हर दिलचस्प विषय पर चर्चा करने वाला एक लोकप्रिय हिंदी पॉडकास्ट है। इसे टेक-आंत्रप्रेन्योर सौरभ चंद्रा, पब्लिक पॉलिसी रिसर्चर प्रणय कोटस्थाने और लेखिका-कार्टूनिस्ट ख्याति पाठक प्रस्तुत करते हैं।
