कैपेसिटी बिल्डिंग
नेतृत्व और प्रतिभा, संचार, फंड की व्यवस्था और तकनीक पर सर्वोत्तम अभ्यास (बेस्ट प्रैक्टिस), सीख और कार्यात्मक सलाह।
तकनीक को लेकर सामाजिक क्षेत्र की सोच कैसे ग़लत है
सोशल सेक्टर में तकनीक का बेहतर ढंग से उपयोग करने के लिए दानदाताओं, स्वयंसेवी संस्थाओं और मध्यस्थ संगठनों को क्या करने की ज़रूरत है।एक दानदाता के दृष्टिकोण से धन इकट्ठा करना
भारतीय सामाजिक क्षेत्र में दस सालों से अधिक धन इकट्ठा करने का अनुभव रखने वाले जानकारों के सुझाव।2022 में FCRA: अब तक का सफ़र और उसका असर
FCRA में हुए संशोधनों के संक्षिप्त इतिहास से लेकर स्वयंसेवी संस्थाओं और आम आदमी पर इनके असर तक, इस क़ानून के बारे में वह सबकुछ जो आपको जानना चाहिए।भारत में व्यक्तिगत दान देने वालों तक पहुंचना
आँकड़ों के अनुसार आम लोग अब पहले से अधिक दान देते हैं। स्वयंसेवी संस्थाएँ ऐसे कई कदम उठा सकती हैं जिससे परोपकार के इस क्षेत्र से अधिकतम लाभ हासिल किया जा सके।एक अच्छा वेबिनार आयोजित करने के लिए पांच ज़रूरी बातें
कई तरह की वर्चुअल मीटिंग के बीच आप अपने वर्चुअल मीटिंग को कैसे सबसे अलग बना सकते हैं।रिमोट डाटा कलेक्शन के लिए फ़ोन सर्वेक्षण: कैसे सही परिणाम पाएँ
आपके फ़ोन सर्वेक्षण की कुशलता और प्रभावशीलता को सुनिश्चित करने के लिए छह उपाय।सफल प्रस्ताव लेखन के तरीके
स्वयंसेवी संस्थाओं के लिए फंडरेजिंग पर एक आजमाया और परखा हुआ गाइड।लोगों को टैक्स में राहत दिलवाने वाली क्राउडफंडिंग पर एक टिप्पणी
यदि आप क्राउडफंडिंग प्लैटफ़ार्म के माध्यम से धन जुटाने की योजना बना रहे हैं तो टैक्स में छूट, एफ़सीआरए नियमों सहित कई अन्य जानकारियाँ आवश्यक है।विकलांगता के अनुकूल कार्यस्थल का निर्माण: समावेशिता क्यों मायने रखती है
एक समावेशी नेतृत्वकर्ता ‘हम लोग बनाम वे लोग’ के कथन को केंद्र में रखकर काम नहीं करता है। उन्हें कार्यस्थल में अपने और उन लोगों के बीच मौजूद समानताओं पर ध्यान केन्द्रित करना चाहिए जिनसे उनका संवाद स्थापित होता है।स्वयंसेवी संस्थाओं में मानवाधिकार से जुड़े कामों के लिए वित्तपोषण
बाल अधिकार, श्रम अधिकार और लैंगिक न्याय जैसे मुद्दों पर काम कर रहे पंद्रह लोगों ने आजमाए गए फंडरेजिंग और वित्तपोषण की रणनीतियों को लेकर अपने अनुभव और इस प्रक्रिया से मिलने वाले सबक को साझा किया।“हमारे पास सबमें फिट होने वाली एक ही आकार की संचार रणनीति नहीं हो सकती है”
कोविड-19 के इस संकट भरे दौर में साक्ष्य-आधारित और समुदाय-केन्द्रित संवाद अफवाहों और फेक न्यूज के प्रसार को रोक सकता है।‘विरासत’ में मिले बोर्ड का प्रबंधन
आने वाले सीईओ को न केवल संस्था के कर्मचारी और इसके कार्यक्रम विरासत में मिलते हैं बल्कि इसका बोर्ड भी विरासत में मिलता है। नए सीईओ और बोर्ड के बीच के संबंध को बेहतर बनाने के लिए हम यहाँ कुछ तरीके आपको बता रहे हैं।