सेक्टर
आईडीआर इंटरव्यूज । राजेंद्र सिंह
‘वाटरमैन ऑफ़ इंडिया’ कहे जाने वाले राजेंद्र सिंह ने आईडीआर से हुई इस खास बातचीत में जलवायु परिवर्तन, जल संरक्षण, पर्यावरण संरक्षण और ग्राम विकास पर विस्तार से बात की है। यहां उनसे जानिए कि कैसे सिर्फ पानी बचाकर गांव आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकते हैं।जहां चाह वहां राह
वाराणसी के एक छात्र रिलेशनशीप मैनेजर के जीवन का दिन जो ख़ासकर महामारी के दिनों में युवाओं को रोज़गार के लिए कौशल विकास में प्रशिक्षण देती हैं।छोटे और पिछड़े किसानों के लिए खेती को सहज बनाना
स्वयं शिक्षण प्रयोग और प्रदान जैसे संगठन यह दिखा रहे हैं कि लगातार आसान और नए उपाय अपनाकर छोटी जोत वाली खेती को व्यावहारिक बनाया जा सकता है।फोटो निबंध: घरेलू वायु प्रदूषण का महिलाओं के स्वास्थ्य पर पड़ने वाले प्रभाव
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के अंतर्गत गैस सिलिंडरों का उपयोग बढ़ा है। लेकिन अब भी कई सारी औरतें लकड़ी जलाकर खाना पकाती हैं। लकड़ी जैसे जैविक ईंधन के इस उपयोग का औरतों के स्वास्थ्य पर बहुत बुरा प्रभाव पड़ रहा है।आज भारत में एक शहरी नवयुवक होने के क्या मायने हैं?
देश के शहरी इलाक़ों में रहने वाले किशोरों और युवाओं की चिंताओं और चुनौतियों पर किए गए अध्ययन के नतीजे क्या बताते हैं।आईडीआर इंटरव्यूज । बेज़वाड़ा विल्सन
सफ़ाई कर्मचारियों द्वारा मैनुअल स्कैवेंजिंग की प्रथा के विरुद्ध ताउम्र संघर्ष करनेवाले बेज़वाड़ा विल्सन दलितों के नेतृत्व में ज़मीनी स्तर पर तैयार किए जाने वाले आंदोलन की बात करते हैं। वह चाहते हैं कि यह आंदोलन इस अमानवीय प्रथा का अंत करने में मददगार साबित हो और इस प्रथा के शिकार लोगों को इससे मुक्ति मिल सके।आत्महत्या की घटनाओं के रोकथाम में मीडिया रिपोर्टिंग की ताक़त
इस तथ्य के बावजूद कि मीडिया आत्महत्या के मामलों की संख्या पर उल्लेखनीय असर डाल सकता है, भारत में इससे जुड़ी रिपोर्टिंग की गुणवत्ता बहुत निचले स्तर की है। ऐसे में स्थिति को बेहतर बनाने के लिए क्या बदले जाने की ज़रूरत है?